नई दिल्ली — उच्चतम न्यायालय द्वारा गठित उच्चाधिकार प्राप्त जांच समिति (एचपीईसी) ने दिल्ली और इसके आसपास जंतर-मंतर पर जुलाई माह में हुए विरोध प्रदर्शनों के दौरान भड़की हिंसा से प्रभावित नागरिकों और पुलिसकर्मियों के लिए शनिवार को एक समर्पित शिकायत पोर्टल लॉन्च किया।
यह समिति शीर्ष अदालत के 18 अगस्त 2026 और 10 सितंबर 2026 के आदेशों के तहत गठित की गई है, जिसका उद्देश्य प्रदर्शनों के दौरान हुई हिंसा से जुड़े विभिन्न मामलों की निष्पक्ष जांच करना है।
गृह मंत्रालय के अनुसार, इस नए पोर्टल को इस तरह से डिज़ाइन किया गया है कि यदि शिकायतकर्ता चाहें तो उनकी पहचान पूरी तरह गोपनीय और सुरक्षित रखी जा सकेगी, जिससे संवेदनशील गवाहों को आवश्यक सुरक्षा मिल सके। समिति ने स्पष्ट किया है कि जांच के दौरान पैलेट गन के इस्तेमाल, लक्षित हिंसा, महिला प्रदर्शनकारियों के उत्पीड़न और भारी संपत्ति के नुकसान से जुड़ी घटनाओं को प्राथमिकता दी जाएगी।
उच्चाधिकार प्राप्त समिति सुप्रीम कोर्ट के आदेशों में उल्लिखित बिंदुओं के आधार पर सभी मामलों की जांच कर रही है। पोर्टल के अलावा, प्रभावित लोग या सूचना देने के इच्छुक व्यक्ति कार्यदिवसों में दोपहर 2 बजे से शाम 4 बजे के बीच नई दिल्ली स्थित शिक्षा सदन, 17 राउज एवेन्यू इंस्टीट्यूशनल एरिया स्थित एचपीईसी कार्यालय में व्यक्तिगत रूप से, डाक के माध्यम से या ईमेल द्वारा भी अपने अभ्यावेदन और दस्तावेज जमा करा सकते हैं।

